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रविवार, 17 फ़रवरी 2013

प्यार (कवितापाठ)

5 टिप्‍पणियां:

रविकर ने कहा…

सुन्दर -
आभार आदरणीय ||

Dr. B. Viswanadhachary ने कहा…

मनोहर ....सर..

RISHABHA DEO SHARMA ऋषभदेव शर्मा ने कहा…

@रविकर
@Viswanadhachary

ध्यान देने के लिए आभारी हूँ.

प्रवीण पाण्डेय ने कहा…

पहली बार फूल को अपने होने पर सुख हुआ होगा..यही प्यार है।
बहुत संवेदनशील..

RISHABHA DEO SHARMA ऋषभदेव शर्मा ने कहा…

@प्रवीण पाण्डेय

धन्यवाद भाई प्रवीण जी.